विकासनगर। जन संघर्ष मोर्चा अध्यक्ष एवं जीएमवीएन के पूर्व उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह नेगी ने पत्रकारों से वार्ता करते हुए कहा कि सरकार द्वारा अनिल कुमार नामक जिस अधिकारी को अक्टूबर 2021 में यूपीसीएल का एमडी नियुक्त किया गया था, ’उस भ्रष्ट अधिकारी ने अपने शपथ पत्र में अपने खिलाफ कोई जांच लंबित न होने का उल्लेख कर भारी भरकम सूटकेस देकर एमडी की कुर्सी हथिया ली, जबकि सरकार को इनके काले कारनामों की जानकारी थीं।
इस मामले में उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग को लेकर भी तत्कालीन एमडी, यूपीसीएल दीपक रावत ने नवंबर 2021 को शासन को पत्र प्रेषित किया था द्य उक्त भ्रष्ट अधिकारी द्वारा अपनी सेटिंग-गेटिंग के आधार पर उक्त जांच को आज तक ठंडे बस्ते में डलवाया हुआ है। अगर इनके पूरे प्रकरणों की ईमानदारी से जांच हो जाए तो बहुत कुछ जनता के सामने आएगाद्य सुशासन के बड़े-बड़े दावे करने वाली एवं भ्रष्टों का साथ देने वाली सरकार से मोर्चा इनके द्वारा झूठा शपथ पत्र मामले में मुकदमा दर्ज कराए जाने जाने की मांग करता है। पत्रकार वार्ता में विजय राम शर्मा, के.सी. चंदेल व सुशील भारद्वाज मौजूद थे।
